नई दिल्ली/रायपुर। छत्तीसगढ़ कांग्रेस में चल रही खींचतान के बीच दिल्ली पहुंचे विधायकों की अभी तक पार्टी के किसी भी शीर्ष नेता से मुलाकात नहीं हो सकी है। बताया जा रहा है कि इन विधायकों से हाईकमान ने दूरी बना ली है, यहां तक की कांग्रेस के छत्तीसगढ़ प्रभारी पीएल पुनिया और कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने उन्हें बैरंग लौटा दिया।
इधर अपनी मुहिम की किरकिर होते देख विधायक बृहस्पत सिंह ने कहा कि वे अभी दिल्ली में हैं देर रात तक मुलाकात संभव हो सकती है। वहीं दूसरी ओर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इसे सामान्य बताया है। कहा कि विधायकों के कहीं आने-जाने को राजनीतिक चश्मे से नहीं देखा जाना चाहिए।
बताया जा रहा है, रामानुजगंज विधायक बृहस्पत सिंह की अगुवाई में दिल्ली गए नेताओं ने संपर्कों के जरिए कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव केसी वेणुगोपाल से समय लेने की कोशिश की। वहां से कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली तो पीएल पुनिया से संपर्क किया। बताया जा रहा है, पुनिया इस समय लखनऊ में हैं। ऐसे में उनसे भी मुलाकात संभव नहीं हो पाई।
CM बघेल बोले- विधायकों को कहीं आने-जाने पर रोक नहीं
इधर रायपुर में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, कांग्रेस में विधायकों के कहीं आने-जाने पर कोई रोक नहीं है। वे भी आपकी तरह कहीं आ जा सकते हैं। विधायक दिल्ली गए हैं तो इसे राजनीतिक चश्मे से नहीं देखना चाहिए। इससे पहले स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ने भी कहा था, कांग्रेस पार्टी एक खुला मंच है। लीडरशिप समय-समय पर परिस्थितिवश समय देता है। अगर यहां से कुछ लोग जाकर मिलना चाहते हैं। अगर उन्हें समय मिलेगा तो जरूर मुलाकात होगी।
कांग्रेस विधायकों ने डाला डेरा
बता दें कि प्रदेश कांग्रेस के 10 से 12 विधायक दिल्ली में बुधवार से डेरा डाले हुए हैं। बताया जा रहा है कि वह अपने से 46 विधायकों का समर्थन पत्र भी ले गए हैं। बताया जा रहा है, दिल्ली पहुंचे इस विधायकों के दल में बृहस्पत सिंह, गुरुदयाल बंजारे, मोहित केरकेट्टा, डॉ. विनय जायसवाल, द्वारिकाधीश यादव, यूडी मिंज, पुरुषोत्तम कंवर, रामकुमार यादव, चंद्रदेव राय और प्रकाश नायक शामिल हैं।