• भूपेश बघेल के दो दिन बाद दिल्ली पहुंचे टीएस सिंहदेव
• संभावनाओ को लेकर दिनभर रही गर्मागर्मी
रायपुर/नई दिल्ली
देश के तीन ही ऐसे राज्य हैं जहां कांग्रेस की अपने बलबूते पर सरकार है। हालांकि, इन तीनों में से एक भी ऐसा राज्य नहीं है जहां कांग्रेस पार्टी अंदरूनी कलह से बची हो। पंजाब का ड्रामा खत्म नहीं हो रहा और दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ – राजस्थान में भी नेतृत्व बदलने के कयास लगाए जाने लगे हैं। हालांकि, आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा जा रहा लेकिन दोनों ही राज्यों के दिग्गज नेता आए दिन दिल्ली में डेरा डाल रहे हैं। अब छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव आज सोमवार को फिर से दिल्ली पहुंचे हैं। राज्य में भूपेश बघेल वर्तमान में मुख्यमंत्री हैं माना यह भी जा रहा है कि हाई कमान ने कुर्सी छोड़ने के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को कह दिया है इसके अलावा कहा जा रहा है कि बाकी के कार्यकाल के लिए टीएस सिंहदेव को सीएम की कुर्सी दी जा सकती है।
सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली आने के बाद टीएस सिंहदेव सबसे पहले छतरपुर मंदिर दर्शन करने पहुंचे। सूत्रों ने यह भी बताया कि टीएस सिंहदेव दो दिन दिल्ली में रहेंगे और इस दौरान वह कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से मिलेंगे।
टीएस ऐसे समय में दिल्ली पहुंचे हैं जब छत्तीसगढ़ सीएम भूपेश बघेल शनिवार को ही पार्टी कार्यसमिति की बैठक के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा से मुलाकात कर के गए हैं। कांग्रेस शासित छत्तीसगढ़ में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलें बीते कई महीनों से लगाई जा रही हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, छत्तीसगढ़ में बघेल और टीएस सिंहदेव के अलग-अलग गुट बन गए हैं। इस साल जून माह में भूपेश बघेल सरकार के ढाई साल पूरा होने के बाद से ही टीएस सिंहदेव के समर्थकों ने ढाई-ढाई साल वाले फॉर्मूले के तहत सीएम बदलने की मांग उठाना शुरू कर दिया था। कांग्रेस ने दिसंबर 2018 में हुए छत्तीसगढ़ चुनाव में जीत हासिल की थी। उस समय तत्कालीन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल को मुख्यमंत्री नियुक्त किया गया था।