~ शादी के लपेटे में लेकर युवती के साथ 7 साल तक किया लगातार दुष्कर्म
~ गर्भवती युवती और परिजन पहुंचे थाने
~ 72 घंटे की शादी करने की लिखित मोहलत के बाद एफआईआर रुका
मुंगेली। पति पत्नी और वो…जैसी बातें अक्सर होती है मगर विकास खंड शिक्षा अधिकारी पवित्र सिंह बेदी को इश्क के रंगीन सपनो की दुनिया मे कुछ समझ नही आया और शादीशुदा होने के बावजूद 7 वर्षो से लगातार प्रेम प्यार इश्क के परवान में दुष्कर्म किया जाने के बाद गर्भवती युवती को बीईओ व उनके घर वालो से मिल रही प्रताड़ना से तंग आकर मामला आखिरकार थाने की दहलीज तक जा पहुंचा। गर्भवती युवती ने जब मुंगेली जिले के जरहागांव थाने पहुंच बीईओ पीएस बेदी के द्वारा लगातार शादी के झांसे से दैहिक शोषण व गर्भ धारण करने की शिकायत अर्जी दी तब थाने परिसर में मान मनौवल किया जाता रहा जब महिला शादी ने शादी से इंकार कर रहे बीईओ पीएस बेदी के खिलाफ एफआईआर की जिद पर रही तब आखिरकार बीईओ ने 2 सितंबर यानी 72 घंटे के भीतर शादी के लिखित आश्वासन से मामला फिलहाल शांत कर कोई मुकदमा होने से रोक दिया गया।
बता दें 54 वर्षीय रंगीन मिजाज BEO शादी का झांसा देकर 23 वर्षीय युवती के साथ पिछले 7 साल से शारीरिक संबंध बनाते आ रहा है जबकि वह पहले से ही शादीशुदा है।
मामला मुंगेली जिले के जरहागांव थाना क्षेत्र के फुलवारी गांव का है। जहां निवासरत पवित्र सिंह बेदी, जो कि बिलासपुर जिले के बिल्हा ब्लॉक में बीईओ के पद पर पदस्थ हैं। गांव के ही 23 वर्षीय युवती द्वारा जरहागांव थाना पहुंचकर BEO के खिलाफ दैहिक शोषण का आरोप लगाया है। लिखित शिकायत कर कार्रवाई की मांग की रखी।
युवती का कहना है कि विकासखंड शिक्षा अधिकारी पहले से ही शादीशुदा हैं। उसने शादी का झांसा देकर 7 साल तक उसका दैहिक शोषण करता रहा। शादी की बात करने पर हर बार उनके द्वारा बहाने बनाकर टाल दिया जाता है, लेकिन इस बार वह उनके द्वारा लगातार शारीरक सम्बंध बनाने से 6 माह की गर्भवती हो गई है।
इस बार फिर उसने शादी करने का वादा याद दिलाया तो BEO ने हर बार की तरह टालमटोल कर इंकार कर दिया गया, लेकिन इस बार हद तो तब हो गई जब बीईओ की पत्नी और एक परिजन लड़की के घर पहुंच कर उसके गर्भ को चोटिल करने लगे, जिससे आहत होकर लड़की और उनके परिजन शिकायत करने थाना पहुंच गए। बहरहाल 72 घंटे के बहियार शादी के लिखित वायदे पर फिलहाल एफआईआर तो नहीं दर्ज की गई, क्योंकि विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी ने युवती से शादी करने का लिखित कथन थाने में दिया है। बीईओ ने लिखित कथन में यह भी कहा कि 2 सितंबर तक वह युवती से शादी नहीं करता है, तब उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई के लिए स्वतंत्र रहेगी।

