बिलासपुर। अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय, बिलासपुर में उस समय हड़कंप मच गया जब छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रामेन डेका अचानक निरीक्षण पर पहुंचे।
राज्यपाल श्री डेका के इस औचक दौरे ने विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यशैली की पोल खोल दी।
राज्यपाल श्री डेका ने स्वागत के लिए खड़े अधिकारियों को दरकिनार कर सीधे यूनिवर्सिटी परिसर में मौजूद छात्र-छात्राओं से सीधा संवाद किया एवं भीतरखाने हो रही भ्रष्टाचार की हकीकत को समझा। इस दौरान छात्रों ने भ्रष्टाचार, अनियमितताओं और मनमानी का मुद्दा उठाते हुए शिकायतों की झड़ी लगा दी।
छात्रों ने कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेई पर विश्वविद्यालय में बड़े स्तर पर वित्तीय भ्रष्टाचार, शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक पदों की भर्ती में गड़बड़ी, रुसा एवं ऊषा फंड के दुरुपयोग, घटिया निर्माण कार्य और अधिकारियों द्वारा तानाशाही रवैया अपनाने के आरोप लगाए साथ ही प्रशासन पर दिखावटी कामकाज और मनमानी करने की शिकायत दर्ज कराई।
राज्यपाल के निरीक्षण के बाद हो सकती है बड़ी कार्यवाही
छात्रों की शिकायतों को गंभीरता से सुनने के बाद राज्यपाल श्री डेका ने निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे विश्वविद्यालय के नाम के अनुरूप प्रगति में सहभागी बनें।
कुलपति और कुलसचिव को जमकर लगाई फटकार
समीक्षा बैठक के दौरान महामहिम राज्यपाल ने कुलपति प्रो. वाजपेई और प्रभारी कुलसचिव शैलेन्द्र दुबे को विश्वविद्यालय में सबसे ज्यादा शिकायतें और अनियमितताएं मिलने पर कड़ी फटकार लगाई। अधिकारियों के आलीशान कमरों, संसाधनों के दुरुपयोग और जगह-जगह कुलपति के चित्र लगाने पर भी नाराजगी जताई।
राज्यपाल के इस औचक दौरे के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन में हड़कंप मच गया है और संभावना जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में बड़े पैमाने पर बदलाव और कार्रवाई देखने को मिल सकती है।