25 लाख के नुकसान से किसान सदमे में,मुआवजे की मांग
मुंगेली। जिले के चातरखार ग्राम पंचायत अंतर्गत बाघामुड़ा ग्राम में पिछले सप्ताह अचानक हुए तेज आंधी और बारिश से केले की फसल तबाह हो गई। वहां के कृषक राजेश तिवारी,मृत्युंजय तिवारी एवं आरती तिवारी के फार्म हाउस में लगे 3 एकड़ रकबे में 3000 केले के पौधे लगाए थे, जो अब पूरी तरह नष्ट हो गए हैं। फसल बाजार में बेचने के लिए लगभग तैयार थी।
फसल बर्बाद होने से किसान कृषक परिवार के मुखिया राजेश तिवारी सदमे में आ गए है किसान ने बताया कि उन्होंने खेती के लिए लाखों रुपए का कर्ज लिया था और पूरी उम्मीद इसी फसल पर टिकी थी। अब उन्हें कर्ज चुकाने की चिंता सता रही है।
15 से 20 लाख रुपए की फसल नुकसान
किसान राजेश तिवारी एवं अन्य की फसल भी पूरी तरह बर्बाद हो गई है। उनके अनुसार इस बार केले के अच्छे दाम मिलने की संभावना थी और फसल लगभग तैयार हो गया था और बाजार में मांग भी बनी हई थी। उन्होंने बताया कि करीब 4 से 5 लाख की लागत लगी थी। अनुमानित टोटल 20 लाख रुपए की फसल को नुकसान हुआ है।
जिला प्रशासन कुम्भकरणीय नींद में, मौके पर सर्वे के लिए नहीं पहुंचा अमला
किसान परिवार का कहना है कि केले के हुए लाखों रुपए का नुकसान होने के बावजूद अब तक कोई राजस्व या प्रशासनिक अधिकारी मौके पर सर्वे के लिए नहीं पहुंचा है।
प्रभावित किसान परिवार ने प्रशासन से जल्द सर्वे कराकर नुकसान का आकलन करने और उचित मआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय पर सहायता नहीं मिली तो कर्ज का बोझ और बढ़ जाएगा, जिससे आर्थिक संकट गहरा सकता है।