मुंगेली। कल 5 जनवरी को मुंगेली नगर पालिका अध्यक्ष के लिए होने जा रहे चुनाव के लिए आज के बदलते लकवाग्रस्त राजनैतिक हालात में रचनाकार अतुल श्रीवास्तव ने किया करारा व्यंग्य, अब राजनैतिक दलों में भी व्यक्तित्व, अनुभव नाम सब किनारे होता जा रहा है आज के लब्बोलुआब में “जो पास है उसी से आस है” कमोबेश पार्टी और कैंडिडेट दोनो के साथ फिट बैठ रही है।
अब देखने लायक यह भी होगा कि जिस प्रकार से आज के परिदृश्य का कविता चौराहे पर जो चित्रण किया गया है कुछ सचमुच राजनीति इतनी पंगु,लाचार व्यवस्था से मानी जा सकती है या फिर लोकतंत्र और मजबूत जनादेश से मुंगेली नगर पालिका अध्यक्ष के लिए जनतंत्र जीतता है या फिर अर्थतंत्र से बदली राजनीति हावी होती है।