केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू हुए शामिल, गाँव-गाँव में उमड़ा श्रद्धालुओं का जनसैलाब
ढोल-मांदर की थाप और माता के भजनों से भक्तिमय हुआ क्षेत्र, विधायक सुशांत शुक्ला बोले— धार्मिक आस्था, सनातन संस्कृति और सामाजिक एकता का प्रतीक है ध्वजा यात्रा
बिलासपुर, 11 अक्टूबर 2026।
शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर बेलतरा विधानसभा क्षेत्र में माँ महामाया एवं श्री गिरजाबंध हनुमान लला के आशीर्वाद से भव्य ध्वजा यात्रा का शुभारंभ श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ हुआ। विधायक सुशांत शुक्ला के नेतृत्व में निकाली जा रही इस यात्रा के प्रथम दिवस पर केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू भी शामिल हुए। यात्रा के स्वागत के लिए विभिन्न ग्रामों में बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और धर्मप्रेमी उपस्थित रहे। जगह-जगह हुए आत्मीय स्वागत और माँ महामाया के जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा।

श्री गिरजाबंध हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना कर हनुमान लला का आशीर्वाद लेने के बाद ध्वजा यात्रा आगे बढ़ी। यात्रा का पहला पड़ाव नवागांव रहा, जहाँ श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। इसके बाद ओछिनपारा चौक में रतनपुर मंडल भाजपा के कार्यकर्ताओं ने यात्रा का भव्य स्वागत किया। जय श्रीराम, जय माँ महामाया और जय गिरजाबंध हनुमान के जयकारों से वातावरण गूँज उठा।

यात्रा खैरखुंडी होते हुए सरवनदेवरी पहुँची। यहाँ सरपंच शकुंतला काछी के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीणों ने ढोल-मांदर और पारंपरिक वाद्ययंत्रों की थाप के बीच ध्वजा यात्रा का स्वागत किया। इसके बाद यात्रा लखराम पहुँची, जहाँ सरपंच सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने स्वागत किया। इस दौरान कैवर्त एवं धीवर समाज के प्रतिनिधियों ने भी सहभागिता निभाते हुए अपनी आस्था और समर्थन व्यक्त किया।
ध्वजा यात्रा गड़वट और बाम्हू होते हुए आगे बढ़ी। प्रत्येक गाँव में श्रद्धालुओं का उत्साह, पारंपरिक स्वागत और माता के जयकारे आयोजन की भव्यता को दर्शाते रहे। यात्रा के प्रथम दिवस का समापन टेकर में माता के जगराते के साथ हुआ। सचिन तिवारी की टीम ने भक्ति संगीत और माता के भजनों की प्रस्तुति दी, जिसका बड़ी संख्या में उपस्थित श्रद्धालुओं ने आनंद लिया।
विधायक सुशांत शुक्ला बोले— सामाजिक समरसता और जनएकता का महाअभियान है ध्वजा यात्रा
इस अवसर पर विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कि ध्वजा यात्रा हमारी आस्था, सनातन संस्कृति और सामाजिक एकता का प्रतीक है। माँ महामाया और श्री गिरजाबंध हनुमान लला के आशीर्वाद से प्रारंभ हुई यह यात्रा केवल ध्वजा लेकर चलने का आयोजन नहीं, बल्कि जन-जन को धर्म, संस्कार और सांस्कृतिक गौरव से जोड़ने का महाअभियान है।
उन्होंने कहा कि बेलतरा विधानसभा के प्रत्येक गाँव में माताओं-बहनों, युवाओं, बुजुर्गों और ग्रामीणों द्वारा जिस श्रद्धा और उत्साह से यात्रा का स्वागत किया जा रहा है, वह हमारी सनातन परंपरा की जीवंत शक्ति का प्रमाण है। नवागांव से लेकर ओछिनपारा, सरवनदेवरी, लखराम, गड़वट, बाम्हू और टेकर तक विभिन्न समाजों एवं सामाजिक संगठनों की सहभागिता सामाजिक समरसता और जनएकता का अनुपम उदाहरण है।
विधायक ने कहा कि हमारा संकल्प है कि बेलतरा की गौरवशाली धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुँचाया जाए तथा क्षेत्र में सद्भाव, सेवा और एकता की भावना को निरंतर मजबूत किया जाए। उन्होंने यात्रा में शामिल केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू सहित सभी जनप्रतिनिधियों, भाजपा कार्यकर्ताओं, सरपंचों, सामाजिक प्रतिनिधियों और ग्रामवासियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि यह यात्रा किसी एक व्यक्ति या संगठन की नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की आस्था और जनभागीदारी का उत्सव है। माँ महामाया के चरणों में समर्पित पवित्र ध्वजा जब रतनपुर पहुँचेगी, तब यह पूरे बेलतरा विधानसभा क्षेत्र की श्रद्धा, संकल्प और सामूहिक शक्ति का प्रतीक बनेगी।
द्वितीय दिवस की यात्रा सोमवार को टेकर से होगी प्रारंभ
प्रथम दिवस की भव्य सफलता और श्रद्धालुओं के उत्साह के बाद ध्वजा यात्रा का द्वितीय दिवस सोमवार, 12 अक्टूबर 2026 को टेकर से प्रारंभ होगा। दूसरे दिन यात्रा निर्धारित मार्ग से होते हुए भांडी पहुँचेगी, जहाँ रात्रि विश्राम प्रस्तावित है।
द्वितीय दिवस का निर्धारित मार्ग इस प्रकार है— टेकर, गिधौरी, नेवसा, उसराभांठा, जाली, बेलतरा, बेलपारा, सलखा, बरपाली, धोरामुड़ा, करमा, बसहा, गोपालपुर और भिल्ली होते हुए भांडी।
इन पड़ावों पर श्रद्धालुओं और ग्रामवासियों की सहभागिता के माध्यम से धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक समरसता का संदेश जन-जन तक पहुँचाया जाएगा।
लगभग 48 ग्राम पंचायतों से होकर माँ महामाया मंदिर रतनपुर पहुँचेगी यात्रा
विधायक सुशांत शुक्ला के नेतृत्व में निकाली जा रही यह ध्वजा यात्रा बेलतरा विधानसभा क्षेत्र की लगभग 48 ग्राम पंचायतों से होकर गुजरेगी। यात्रा के अंतिम चरण में माँ महामाया मंदिर, रतनपुर में पवित्र ध्वजा अर्पित की जाएगी।
प्रथम दिवस पर विभिन्न गाँवों में मिले जनसमर्थन और श्रद्धालुओं के उत्साह ने आयोजन को विशेष पहचान दी है। यह यात्रा धार्मिक आस्था के साथ-साथ क्षेत्र की सांस्कृतिक परंपराओं, सामाजिक समरसता और सामूहिक एकता का संदेश लेकर आगे बढ़ रही है। माँ महामाया और श्री गिरजाबंध हनुमान लला के जयकारों के बीच श्रद्धा और भक्ति का यह सिलसिला रतनपुर तक जारी रहेगा।