जशपुर: बीते साल के अंतिम दिवस को नारायणपुर थाना क्षेत्र के कार एक्सीडेंट में हुई दो नाबालिगों की मौत की घटना व उससे पहले उनके द्वारा खेले गए खेल से समझा जा सकता है। 31 दिसंबर को सेंद्रीमुंडा के सरना चौक के पास एक अल्टो कार के पेड़ से टकराने की घटना में दो नाबालिग शिवम व गितेश की मौत हो गई थी। कार में तीन लोग सवार थे। कार के पीछे सीट में बैठे और कार चला रहे नाबालिग की मौत हुई जबकि ड्राइवर सीट के पीछे बैठा उनका दोस्त कार की गेट खुल जाने की वजह से गिर गया और उसे सिर्फ मामूली चोटें आई हैं।
घटना को लेकर जब मृतक के दोस्तों ने घटना से पहले की बातें बताई तो लोग हैरान हो गए। मृतक शिवर और गितेश के दोस्त ने बताया कि घटना से पहले चार दोस्त गांव के नदी के किनारे गए थे। वहां पर काफी देर तक सभी रहे और मस्ती की। इसी दौरान गितेश ने नदी के किनारे लकड़ी इकट्ठी कर चिता बनाई थी और शिवम ने कब्र बनाया था। लकड़ी की चिता को माचिस जलाकर जलाने का प्रयास भी किया गया था। इस पूरी मस्ती का मोबाइल फोन पर परमवीर नामक उनके दोस्त ने वीडियो भी बनाया था।
परिवार वालोे ने उसी जगह किया अंतिम संस्कार
मौत से पहले की इस घटना के बारे में जानकारी जब मृतकों के परिवार वालों व गांव में फैली तो सबने मिलकर फैसला किया कि दोनो बच्चों का अंंतिम संस्कार उसी जगह पर किया जाए जहां पर खेल-खेल मेें उन्होंने चिता बनाई थी। शनिवार को नदी में उसी स्थान पर दोनों का अंतिम संस्कार किया गया। परिवार वालों का कहना है कि बच्चे कभी भी नदी में उस स्थान पर खेलने नहीं जाते थे। शायद होनी को यही मंजूर था इसलिए ऐसा हुआ। मौत से पहले खेले गए खेल के इस रहस्य को लेकर गांव में चर्चाओं का बाजार गर्म है।